न्यूज अपडेट्स
दिल्ली, 02 फरवरी। संसद के बजट सत्र का आज चौथा दिन है। इस सत्र की शुरुआत 29 जनवरी को हुई थी। इस बीच आज संसद में सत्र के चौथे दिन माहौल बेहद सरगर्म है। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर 'धन्यवाद प्रस्ताव' के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जोरदार बहस छिड़ गई है।
राहुल गांधी के बोलते ही रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और गृह मंत्री अमित शाह ने मोर्चा संभाल लिया। राजनाथ सिंह ने कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि जिस किताब का राहुल गांधी जिक्र कर रहे हैं, वह अभी तक प्रकाशित ही नहीं हुई है, तो उसके हवाले से सदन में दावे कैसे किए जा सकते हैं? गृह मंत्री अमित शाह ने भी इसे सदन को गुमराह करने की कोशिश करार दिया।
#BudgetSession2026 #LokSabha adjourned to meet again at 03:00 PM@ombirlakota @LokSabhaSectt @loksabhaspeaker pic.twitter.com/81d8yMON6I
— SansadTV (@sansad_tv) February 2, 2026
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने राहुल गांधी को टोकते हुए कहा कि संसदीय नियमों के अनुसार, किसी भी ऐसी किताब या अखबार की कटिंग का हवाला नहीं दिया जा सकता जो प्रमाणित न हो। स्पीकर ने स्पष्ट किया कि राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे संवेदनशील मुद्दों पर बिना आधार के बोलना उचित नहीं है।
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान बोल रहे हैं। सबसे पहले राहुल गांधी ने डोकलाम और चीनी घुसपैठ के मुद्दे पर सरकार को घेरा। इसी के साथ राहुव ने तेजस्वी सूर्या द्वारा भारतीय संस्कृति को लेकर कांग्रेस पर लगाए गए आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वे इसका करारा जवाब देंगे।
विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने अपनी बात रखने के लिए पूर्व थल सेनाध्यक्ष जनरल (रिटायर्ड) एम.एम. नरवणे की एक कथित किताब का हवाला दिया। जैसे ही उन्होंने डोकलाम विवाद पर पूर्व आर्मी चीफ को कोट (Quote) करना शुरू किया, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह अपनी सीट से खड़े हो गए और उन्होंने राहुल गांधी के दावों पर कड़ी आपत्ति जताई।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तथ्यों की विश्वसनीयता पर सवाल उठाते हुए सीधे पूछा कि जिस किताब का जिक्र राहुल गांधी सदन में कर रहे हैं, क्या वह वास्तव में प्रकाशित हुई है? राजनाथ सिंह ने दावा किया कि यह किताब अभी तक प्रकाशित ही नहीं हुई है, इसलिए इसके हवाले से दिए जा रहे बयान पूरी तरह निराधार हैं।
