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शिमला, 19 जनवरी। हिमाचल प्रदेश की राजनीति और प्रशासन के लिहाज आज का दिन बेहद अहम रहने वाला है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू आज हिमाचल प्रदेश में होने वाले पंचायती राज चुनाव को लेकर बड़ा फैसला ले सकते हैं। जिसके चलते सभी की निगाहें आज की बैठक पर टिकी हुई है।
CM सुक्खू ने आज कैबिनेट बैठक बुलाई है- जिसमें पंचायत चुनाव से लेकर कई अन्य बड़े फैसले होने की उम्मीद है। हिमाचल दिवस से पहले होने वाली इस कैबिनेट बैठक में जहां पंचायत चुनाव को लेकर बड़ा फैसला होने की उम्मीद है। वहीं, ये कैबिनेट बैठक कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए भी काफी अहम मानी जा रही है। इस बैठक में CM सुक्खू हिमाचल दिवस पर कर्मचारियों को DA और एरियर देने की घोषणा पर चर्चा कर सकते हैं।
आपको बता दें कि दिल्ली से लौटने के बाद CM सुक्खू ने कहा था कि प्रदेश कैबिनेट में विस्तार किया जाएगा। 3 साल बीत जाने के बाद भी कैबिनेट में एक पद खाली पड़ा है। वहीं, सूत्रों की माने तो एक सीनियर नेता को भी कैबिनेट से ट्रॉप किया जा सकता है और आज होने वाली कैबिनेट में नए मंत्री को लेकर चर्चा भी संभावित है।
आज की कैबिनेट बैठक में हाई कोर्ट के निर्देशों के बाद पंचायत चुनावों को लेकर सरकार महत्वपूर्ण निर्णय ले सकती है। वहीं शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यटन और रोजगार से जुड़े कई प्रस्तावों पर चर्चा के बाद मंजूरी मिलने की उम्मीद है। माना जा रहा है कि इस बैठक से नौकरियों का पिटारा भी खुल सकता है।
प्रदेश में पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों का कार्यकाल 31 जनवरी को समाप्त हो चुका है। ऐसे में अब पंचायतों का संचालन कैसे होगा और चुनाव की प्रक्रिया को किस रूप में आगे बढ़ाया जाएगा, इस पर कैबिनेट बैठक में स्पष्ट फैसला लिया जा सकता है। सरकार के सामने सबसे बड़ा सवाल यही है कि चुनाव होने तक ग्रामीण स्तर पर प्रशासनिक व्यवस्था किसके हाथ में रहेगी।
मंत्रिमंडल की बैठक में पर्यटन को बढ़ावा देने से जुड़े कई अहम प्रस्ताव भी रखे जाएंगे। धर्मशाला के पास प्रस्तावित जिपलाइन परियोजना पर चर्चा होगी, जिसके तहत करीब दो किलोमीटर लंबी जिपलाइन तैयार करने का प्रस्ताव सरकार के पास पहुंचा है। इसके अलावा तारादेवी से शिमला के बीच प्रस्तावित रोपवे परियोजना को भी मंजूरी मिलने की संभावना है। इससे पहले सिंगल टेंडर के चलते यह मामला अटका हुआ था, लेकिन अब सरकार इस पर अंतिम फैसला ले सकती है।
स्वास्थ्य और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े अहम निर्णय भी बैठक का हिस्सा होंगे। प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में तैनात किए जाने वाले सीनियर रेजिडेंट डॉक्टरों की भर्ती नीति में बदलाव का प्रस्ताव कैबिनेट के सामने आएगा। मौजूदा व्यवस्था में जहां 50 प्रतिशत पद सामान्य ड्यूटी ऑफिसर से भरे जाते हैं, वहीं, अब इस अनुपात को बढ़ाकर 66 प्रतिशत करने की तैयारी है, जिससे अस्पतालों में विशेषज्ञ सेवाओं को मजबूती मिल सके।
पर्यटन और नागरिक उड्डयन विभाग की ओर से साहसिक पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देने के प्रस्ताव भी रखे जाएंगे। जिपलाइन, हॉट एयर बैलून जैसी गतिविधियों को अनुमति देकर प्रदेश में नए पर्यटन केंद्र विकसित करने की योजना है। खासतौर पर मनाली और अन्य पर्यटन क्षेत्रों में प्रशिक्षित युवाओं को इससे रोजगार के नए अवसर मिलने की उम्मीद है।
इसके साथ ही मंत्रिमंडल की बैठक में विभिन्न सरकारी विभागों में रिक्त पड़े पदों को भरने और नए पदों के सृजन पर भी निर्णय लिया जा सकता है। सरकार ने विभागों से क्रियाशील खाली पदों का ब्योरा मांगा है, जिस पर कैबिनेट की मंजूरी के बाद भर्ती प्रक्रिया को गति मिल सकती है। बैठक में वित्त विभाग प्रदेश की मौजूदा आर्थिक स्थिति को लेकर भी प्रस्तुति देगा।
