जानकारी के अनुसार, सोलन के जाबली में गांव सूजी से लड़की को तेंदुआ उसके घर से ही घसीटता हुआ कुछ दूर खेतों तक ले गया, मगर लड़की के पिता ने निर्भय होकर तेंदुए के पीछे छलांग लगाई और लाठी और पत्थर से तेंदुए को मारना शुरू किया. उसके बाद अन्य घरों से भी कुछ लोग बाहर निकले और शोर मचाना शुरू किया. इस वजह से तेंदुआ लड़की को खेत में ही छोड़कर भाग गया.
फॉरेस्ट विभाग (Forest Department) एक्शन में आया वन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, 22 नवंबर यानी सोमवार शाम को साढ़े सात बजे के करीब की यह घटना है. गांव सूजी में तेंदुए का आतंक के देखने को मिला है.
घटना के अगेल दिन वन विभाग के डीएफओ ने मंगलवार सुबह अपनी पूरी टीम के साथ जाबली पंचायत के सूजी गांव पहुंचे और मौके का मुआयना किया है. इस दौरान घर में पहुंची जाबली पंचायत की प्रधान भी उपस्थित रही. विभागीय टीम लड़की को मेडिकल जांच के लिए हॉस्पिटल ले गई है, ताकि किसी भी प्रकार की कोई अंदरूनी चोट तो नहीं है, इसका पता लगाया जा सके.
बता दें कि शिमला जिले में दिवाली की रात को 5 साल के बच्चे को तेंदुआ उठा कर ले गया था. बाद में जंगल में बच्चे के शव के अवशेष मिले थे. हालांकि, घटना के 15 दिन बाद इस तेंदुए को वन विभाग की टीम ने पकड़ लिया था. इससे पहले, 5 अगस्त को शिमला के कनलोग बच्ची को तेंदुआ उठा ले गया था.
