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मंडी, 28 जून। हिमाचल प्रदेश में नौकरी की तलाश कर रहे बेरोजगार युवाओं की मजबूरी का फायदा उठाकर उन्हें ठगने का एक बेमामला सामने आया है। मंडी जिले के गोहर क्षेत्र में एक शातिर ने खुद को भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) का बड़ा कर्मचारी बताकर 7 युवाओं से कुल 2 लाख 10 हजार रुपए की ठगी कर डाली। आरोपी ने इन बेरोजगार युवाओं को लुहरी पावर प्रोजैक्ट में पक्की नौकरी लगवाने का झांसा दिया था। खुद को ठगा हुआ महसूस करने के बाद शनिवार को पीड़ित युवाओं ने उपमंडलाधिकारी (नागरिक) गोहर का दरवाजा खटखटाकर न्याय की गुहार लगाई। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसडीएम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इसे आगामी छानबीन और प्राथमिकीदर्ज करने के लिए थाना प्रभारी गोहर को प्रेषित कर दिया है।
एसडीएम गोहर को सौंपी गई लिखित शिकायत में धनदेव निवासी गांव बखड़ोग और डाहलू राम निवासी गांव दाड़ी, चच्योट ने इस पूरे फर्जीवाड़े की विस्तार से जानकारी दी है। पीड़ितों ने बताया कि चच्योट तहसील के ही शकोहर गांव के रहने वाले इंद्र सिंह उर्फ इंद्रेश पुत्र डोला राम ने दिसम्बर, 2025 और जनवरी, 2026 के दौरान उनसे संपर्क किया था। आरोपी ने खुद को एनएचएआई का एक रसूखदार अधिकारी/कर्मचारी बताया और अपनी ऊंची पहुंच का दावा किया। उसने युवाओं को बड़े विश्वास के साथ झांसा दिया कि वह 31 जनवरी, 2026 तक उन्हें लुहरी पावर प्रोजैक्ट में पक्की नौकरी लगवा देगा, जिसकी एवज में उसने पैसों की मोटी मांग रखी।
रोजगार पाने की आस में इन बेरोजगार युवाओं ने अपने परिजनों से पैसे मांगे और यहां तक कि कर्ज लेकर भी आरोपी को रकम सौंप दी। शिकायतकर्ता धनदेव ने अपनी और अपने 5 अन्य साथियों की नौकरी पक्की करवाने के लिए आरोपी को 1 लाख 50 हजार रुपए की राशि दी। इन 5 साथियों में मोल राज, खीरामणी, गुलशन, मनोज और नरेश कुमार शामिल हैं। वहीं, दूसरे शिकायतकर्ता डाहणू राम ने अपनी नौकरी के लिए 60 हजार रुपए की राशि आरोपी के हवाले की। इस तरह शातिर आरोपी ने इन 7 युवाओं से कुल 2 लाख 10 हजार रुपए ऐंठ लिए।
पीड़ित युवाओं ने बताया कि जब जनवरी का महीना बीत गया और फरवरी में उन्होंने अपनी नौकरी के बारे में पूछा तो आरोपी ने 31 मार्च तक का समय मांग लिया। जब अप्रैल महीने में युवाओं ने दोबारा संपर्क करने की कोशिश की तो आरोपी लगातार टालमटोल करने लगा। हद तो तब हो गई जब आरोपी ने पीड़ितों के फोन उठाना ही बंद कर दिए और मौके से फरार हो गया। इसके बाद शनिवार को पीड़ित प्रशासन के पास पहुंचे। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एसडीएम चच्योट स्थित गोहर ने शिकायत पत्र पर तुरंत संज्ञान लिया और पुलिस को मामले की गहनता से जांच कर सख्त कार्रवाई करने के आदेश जारी कर दिए हैं।
