न्यूज अपडेट्स
कांगड़ा, 15 मई। पालमपुर के अंतर्गत बिंद्रावन फीडर में विद्युत आपूर्ति लाइनों को ठीक करते समय करंट लगने से हुई लाइनमैन मोहनलाल की मौत के मामले में गठित जांच समिति ने जांच प्रक्रिया तेज कर दी है। समिति द्वारा कई महत्वपूर्ण तथ्यों को खंगाला जा रहा है तथा विभिन्न रिपोर्टों का अध्ययन किया जा रहा है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि आखिर कार्य के दौरान अचानक करंट का प्रवाह कैसे हुआ और इसके पीछे किन कारणों की भूमिका रही। सूत्रों के अनुसार जांच समिति ने विभाग से एम.आर.आई. रिपोर्ट तलब की है, जिसका विस्तृत अध्ययन किया जा रहा है।
इस रिपोर्ट के माध्यम से यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि संबंधित लाइन में करंट का फ्लो कब हुआ तथा किस परिस्थिति में विद्युत प्रवाह आया। इसके अतिरिक्त मृतक कर्मचारी के साथ मौके पर कार्य कर रहे अन्य कर्मचारियों की कॉल डिटेल रिपोर्ट भी जांच के दायरे में लाई गई है। बताया जा रहा है कि संबंधित कनिष्ठ अभियंता की कॉल डिटेल रिपोर्ट अभी समिति को प्राप्त नहीं हुई है। ऐसे में उसकी प्रतीक्षा की जा रही है, ताकि सभी तथ्यों का समग्र रूप से परीक्षण किया जा सके। सूत्रों की मानें तो जांच समिति के हाथ कुछ ऐसे बिंदु लगे हैं, जिनका गंभीरता से अध्ययन किया जा रहा है और इन्हीं के आधार पर यह सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है कि लापरवाही या गलती आखिर किस स्तर पर हुई।
विदित रहे कि पालमपुर के समीप बिंद्रावन फीडर में मुरम्मत कार्य के दौरान लाइनमैन मोहनलाल करंट की चपेट में आ गए थे, जिससे उनकी दर्दनाक मौत हो गई थी। घटना के बाद कर्मचारियों और स्थानीय लोगों में भारी रोष देखने को मिला था। वहीं मृतक के परिजनों ने भी मामले की निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच की मांग उठाई थी। पुलिस ने इस मामले में संबंधित कनिष्ठ अभियंता के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की है, जबकि विभाग ने जांच पूरी होने तक उक्त कनिष्ठ अभियंता को निलंबित कर दिया है। वहीं प्रशासन की ओर से एसडीएम पालमपुर की अध्यक्षता में जांच समिति गठित की गई है।
इस समिति में नगर निगम पालमपुर के संयुक्त आयुक्त, स्वास्थ्य विभाग के एक मैडीकल ऑफिसर तथा बिजली विभाग के अधिशासी अभियंता स्तर के अधिकारी को शामिल किया गया है। जांच समिति ने विभिन्न पहलुओं की पड़ताल करने के बाद कई तकनीकी और प्रशासनिक रिपोर्टें तलब की हैं। माना जा रहा है कि शुक्रवार तक इस मामले में कुछ महत्वपूर्ण तथ्य सामने आ सकते हैं। एसडीएम पालमपुर एवं जांच समिति के अध्यक्ष डा. ओपी यादव ने बताया कि कुछ रिपोर्टें समिति को प्राप्त हो चुकी हैं, जिनका अध्ययन किया जा रहा है, जबकि कुछ रिपोर्टें अभी आना शेष हैं। उन्होंने कहा कि सभी तथ्यों की गहन विवेचना के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जाएगा।
