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यमुनानगर, 06 नवंबर। हरियाणा के यमुनानगर में प्रतापनगर बस स्टैंड पर पांवटा साहिब से जगाधरी ले जा रहे एक रोडवेज के ड्राइवर ने बस स्टैंड पर खड़ी छात्राओं को बुरी तरह कुचल दिया. इसमें एक छात्रा की मौत हो गई है जबकि दो को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है. उधर, गुस्साए लोगों ने चालक की धुनाई भी कर डाली. उसने मुश्किल से अपनी जान बचाई. उधऱ, हरियाणा की यमुनानगर में परिवहन मंत्री अनिल विज ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं।
हादसे के बाद छात्रों का गुस्सा सातवें आसमान में पहुंच गया और उन्होंने रोड जाम कर दिया. छात्र को समझाने के लिए प्रशासनिक अधिकारी मौके पर आए और आश्वासन देने के बाद रोड जाम खोला गया. जबकि ड्राइवर को सस्पेंड कर दिया गया है और मृतक और घायलों को नियमों के मुताबिक मुआवजे का ऐलान भी किया गया है।
दरअसल, गुरुवार को यमुनानगर प्रताप नगर बस स्टैंड एक भीषण हादसा हुआ रोडवेज बस के ड्राइवर ने बस स्टैंड पर खड़ी 6 छात्रों को बुरी तरह से कुचल दिया. आनन फानन में तीन छात्रों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. जिसमे दो की हालत गंभीर है जबकि एक छात्र की मौत भी हो चुकी है. हरियाणा रोडवेज की इस लापरवाही को देख बस स्टैंड पर खड़े सैकड़ो छात्रों का गुस्सा उबाल का गया. गुसाए छात्रों ने पहले तो बस स्टैंड पर खूब हंगामा किया और उसके बाद नेशनल हाईवे को जाम कर दिया।
प्रताप नगर थाना प्रभारी के लाख समझाने के बाद भी जब प्रदर्शनकारी छात्र नहीं मानें तो छछरौली के एसडीएम को मौके पर बुलाया गया. एसडीएम रोहित कुमार ने बताया कि रोडवेज के एक ड्राइवर को सस्पेंड कर दिया गया है जबकि नियमों के मुताबिक घायल और मृतक को मुआवजा दिया जाता है वह भी मिलेगा. उन्होंने बताया कि जगाधरी से प्रताप नगर रूट पर अतिरिक्त बसों की जो मांग छात्रों की तरफ से की गई है उसे भी जल्द पूरा कर दिया जाएगा. प्रत्यक्षदर्शी छात्र शोएब खान ने बताया कि ड्राइवर ने खड़े छात्रों को कुचल दिया. हमने रोड जाम किया जिसके बाद प्रशासन अधिकारी मौके पर आए उन्होंने हमें आश्वासन दिया है।
बताया जा रहा है कि बस स्टैंड पर सुबह दर्जनों बच्चे स्कूल-कॉलेज जाने के लिए बस की इंतजार कर रहे थे. इस दौरान जैसे ही पांवटा साहब से बस यमुनानगर जाने के लिए प्रताप नगर बस स्टैंड पर पहुंची तो छात्र-छात्राओं की भीड़ को देखते हुए चालक तेजी से बस को बस स्टैंड के अंदर ले गया और फिर तेजी से बैक करते हुए पीछे की तरफ ले गया. इस भगदड में आधा दर्जन से अधिक छात्राएं बस की चपेट में आ गई. पीएचसी सेंटर में डॉक्टर नहीं थे और इस वजह से घायल बच्चों को यमुनानगर ट्रॉमा सेंटर ले जाना पड़ा. लोग बच्चियों को गोद में उठाकर इलाज के लिए इधर-उधर भटकते दिखे।
